झारखंड में मॉनसून की एंट्री, 12 जिलों में ऑरेंज अलर्ट; अगले 72 घंटे में और बढ़ेगा असर
“झारखंड में दक्षिण-पश्चिम मॉनसून ने समय से पहले दस्तक दे दी है. मौसम विभाग ने 12 जिलों में ऑरेंज अलर्ट जारी करते हुए तेज हवा, बारिश और वज्रपात की चेतावनी दी है. अगले 72 घंटों में मॉनसून के राज्य के अन्य हिस्सों में फैलने की संभावना जताई गई है.”

झारखंड में दक्षिण-पश्चिम मॉनसून ने समय से पहले दस्तक देकर मौसम का मिजाज पूरी तरह बदल दिया है. पिछले कुछ दिनों से हो रही प्री-मानसून बारिश के बाद अब मॉनसून आधिकारिक रूप से राज्य में प्रवेश कर चुका है. मौसम विभाग के अनुसार, इस बार मॉनसून ने पिछले वर्ष की तुलना में करीब पांच दिन पहले झारखंड में दस्तक दी है. इसके प्रभाव से संताल परगना समेत कई जिलों में बारिश की गतिविधियां तेज हो गई हैं. राज्य के विभिन्न हिस्सों में बादल छाए हुए हैं और कई इलाकों में अच्छी वर्षा दर्ज की गई है. मौसम वैज्ञानिकों का कहना है कि आने वाले दिनों में मॉनसून और सक्रिय होगा तथा झारखंड के शेष हिस्सों तक तेजी से पहुंचेगा. इसके मद्देनजर विभाग ने कई जिलों के लिए विशेष चेतावनी जारी की है और लोगों से सतर्क रहने की अपील की है. मॉनसून के आगमन से जहां किसानों में खुशी का माहौल है, वहीं तेज हवा और वज्रपात की आशंका को देखते हुए प्रशासन भी अलर्ट मोड में है.
संताल परगना के रास्ते राज्य में पहुंचा मॉनसून
मौसम विभाग के अनुसार दक्षिण-पश्चिम मॉनसून बंगाल की खाड़ी से आगे बढ़ते हुए संताल परगना क्षेत्र के रास्ते झारखंड में दाखिल हुआ है. इसके साथ ही जामताड़ा, देवघर, गोड्डा, पाकुड़, साहिबगंज, धनबाद, गिरिडीह और पूर्वी सिंहभूम के कई हिस्सों में मॉनसूनी गतिविधियां शुरू हो गई हैं. मौसम वैज्ञानिकों का कहना है कि वातावरण की वर्तमान स्थिति मॉनसून के विस्तार के लिए अनुकूल बनी हुई है. इसी कारण अगले 72 घंटों के भीतर राज्य के अन्य हिस्सों में भी मॉनसून के पहुंचने की संभावना जताई गई है. हाल के दिनों में रांची, बोकारो, धनबाद और जमशेदपुर समेत कई शहरों में हुई बारिश ने भी मौसम में बदलाव के संकेत दिए थे.
12 जिलों में ऑरेंज अलर्ट, तेज हवा और बारिश की चेतावनी
मौसम विभाग ने 13 जून को राज्य के उत्तर-पूर्वी और मध्य हिस्सों के कई जिलों के लिए ऑरेंज अलर्ट जारी किया है. इन क्षेत्रों में 50 से 60 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से तेज हवाएं चल सकती हैं. इसके अलावा गरज-चमक के साथ बारिश और वज्रपात की भी संभावना जताई गई है. गोड्डा, साहिबगंज, दुमका, पाकुड़, देवघर, जामताड़ा, गिरिडीह, धनबाद, बोकारो, कोडरमा, हजारीबाग और रामगढ़ ऐसे जिले हैं जहां मौसम का असर अधिक देखने को मिल सकता है. विभाग ने लोगों से मौसम संबंधी चेतावनियों का पालन करने की अपील की है.
वज्रपात के दौरान बरतें सावधानी
मौसम विशेषज्ञों ने लोगों को सलाह दी है कि खराब मौसम के दौरान खुले स्थानों पर जाने से बचें. वज्रपात की स्थिति में खेतों, पेड़ों, बिजली के खंभों या खुले मैदानों में रुकना जोखिम भरा हो सकता है. ऐसे समय में पक्के भवनों या सुरक्षित स्थानों पर शरण लेना बेहतर होगा. वहीं रांची समेत अन्य जिलों में भी येलो अलर्ट जारी किया गया है, जहां तेज हवा और हल्की से मध्यम बारिश की संभावना बनी हुई है. मौसम विभाग का मानना है कि मॉनसून की सक्रियता बढ़ने के साथ आने वाले दिनों में राज्यभर में व्यापक बारिश देखने को मिल सकती है, जिससे तापमान में गिरावट आएगी और लोगों को गर्मी से राहत मिलेगी.



