पाकुड़ में दर्दनाक हादसा, Vande Bharat Express की चपेट में आने से पति-पत्नी और मासूम बच्ची की मौत
झारखंड के पाकुड़ जिले में मंगलवार देर शाम एक हृदयविदारक रेल हादसे में एक ही परिवार के तीन लोगों की दर्दनाक मौत हो गई. यह घटना पाकुड़–रामपुरहाट रेलखंड के बीच नवीनगर/नगरनबी रेलवे स्टेशन के समीप हुई, जहां तेज रफ्तार से गुजर रही वंदे भारत एक्सप्रेस की चपेट में आने से

Pakur: झारखंड के पाकुड़ जिले में मंगलवार देर शाम एक हृदयविदारक रेल हादसे में एक ही परिवार के तीन लोगों की दर्दनाक मौत हो गई. यह घटना पाकुड़–रामपुरहाट रेलखंड के बीच नवीनगर/नगरनबी रेलवे स्टेशन के समीप हुई, जहां तेज रफ्तार से गुजर रही वंदे भारत एक्सप्रेस की चपेट में आने से पति-पत्नी और उनकी तीन वर्षीय बच्ची ने मौके पर ही दम तोड़ दिया. प्राप्त जानकारी के अनुसार, घटना शाम लगभग 7:10 बजे की बताई जा रही है. डाउन लाइन से गुजर रही न्यू जलपाईगुड़ी-हावड़ा वंदे भारत एक्सप्रेस तेज रफ्तार में थी. इसी दौरान परिवार रेलवे ट्रैक पार कर रहा था. अचानक ट्रेन के सामने आ जाने से उन्हें संभलने या हटने का मौका नहीं मिल सका. टक्कर इतनी जबरदस्त थी कि तीनों की मौके पर ही मौत हो गई.
हादसे की सूचना मिलते ही जीआरपी और आरपीएफ की टीम तुरंत घटनास्थल पर पहुंची. Government Railway Police (जीआरपी) नवीनगर ने शवों को कब्जे में लेकर पोस्टमॉर्टम के लिए भेज दिया. जीआरपी के सब-इंस्पेक्टर रमेश किस्कू ने बताया कि प्रारंभिक जांच में यह स्पष्ट हुआ है कि परिवार ट्रैक पार कर रहा था, तभी यह दुर्घटना हुई. पुलिस ने मामला दर्ज कर सभी पहलुओं से जांच शुरू कर दी है. रात होने के कारण मृतकों की पहचान नहीं हो सकी थी. इसके बाद पुलिस ने आसपास के गांवों और पंचायत प्रतिनिधियों से संपर्क किया. बुधवार सुबह स्थानीय लोगों की मदद से मृतकों की पहचान पाकुड़ नगर के कालीतल्ला, वार्ड नंबर 09 निवासी चंदन सरदार (लगभग 32-35 वर्ष), उनकी पत्नी शिल्पा/रिम्पा सरदार (लगभग 25-30 वर्ष) और उनकी तीन वर्षीय बेटी अर्पिता के रूप में हुई. तीनों एक साथ किसी काम से जा रहे थे और ट्रैक पार करते समय हादसे का शिकार हो गए.
इस दर्दनाक घटना के बाद पूरे इलाके में शोक की लहर दौड़ गई है. स्थानीय लोग और जनप्रतिनिधि पीड़ित परिवार के घर पहुंचकर शोक संवेदना जता रहे हैं. पड़ोसियों के अनुसार, चंदन सरदार मेहनत-मजदूरी कर परिवार का पालन-पोषण करते थे. एक साथ तीन जिंदगियों के खत्म हो जाने से परिजनों पर दुखों का पहाड़ टूट पड़ा है. रेलवे प्रशासन ने घटना पर दुख जताते हुए लोगों से अपील की है कि वे रेलवे ट्रैक पार करते समय पूरी सावधानी बरतें और केवल अधिकृत रेलवे क्रॉसिंग या ओवरब्रिज का ही इस्तेमाल करें. अधिकारियों का कहना है कि तेज रफ्तार ट्रेनों के दौर में थोड़ी सी लापरवाही भी जानलेवा साबित हो सकती है. फिलहाल पुलिस पूरे मामले की जांच कर रही है और पोस्टमॉर्टम रिपोर्ट आने के बाद आगे की कार्रवाई की जाएगी. यह हादसा एक बार फिर रेल सुरक्षा को लेकर गंभीर सवाल खड़े करता है.

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