रांची: IIIT में छात्र की मौत की जांच के लिए तीन सदस्यीय समिति गठित, शिक्षा मंत्रालय ने लिया संज्ञान
रांची स्थित भारतीय सूचना प्रौद्योगिकी संस्थान (IIIT) में छात्र की मृत्यु के मामले में शिक्षा मंत्रालय ने तीन सदस्यीय जांच समिति गठित की है. दिल्ली विश्वविद्यालय के साउथ कैंपस की निदेशक प्रो. रजनी अब्बी की अध्यक्षता वाली समिति घटना की परिस्थितियों की समीक्षा करेगी.

Ranchi: भारतीय सूचना प्रौद्योगिकी संस्थान (IIIT), रांची में एक छात्र की मृत्यु के मामले में शिक्षा मंत्रालय ने जांच के लिए तीन सदस्यीय समिति गठित की है. समिति घटना से जुड़ी परिस्थितियों की पड़ताल करेगी और संस्थान में विद्यार्थियों को मिलने वाली सुविधाओं, मानसिक स्वास्थ्य सहायता, परामर्श व्यवस्था तथा शिकायत निवारण तंत्र की समीक्षा करेगी. मंत्रालय ने विद्यार्थियों के कल्याण और संस्थान के सुचारु संचालन को सुनिश्चित करने के लिए उचित अंतरिम प्रशासनिक व्यवस्था करने की भी बात कही है.
क्या है पूरा मामला?
भारतीय सूचना प्रौद्योगिकी संस्थान, रांची परिसर में एक छात्र की मृत्यु के बाद शिक्षा मंत्रालय ने मामले का संज्ञान लिया है. घटना किन परिस्थितियों में हुई और क्या संस्थान की व्यवस्थाओं में किसी तरह की कमी थी, इन पहलुओं की जांच की जाएगी. हालांकि, उपलब्ध जानकारी में छात्र की मृत्यु के कारण और घटना से जुड़े विस्तृत तथ्यों का उल्लेख नहीं किया गया है. ऐसे में जांच समिति की रिपोर्ट से मामले की परिस्थितियों और संस्थान की व्यवस्थाओं से जुड़े पहलुओं पर स्पष्टता आने की उम्मीद है.
प्रो. रजनी अब्बी करेंगी समिति की अध्यक्षता
शिक्षा मंत्रालय की ओर से गठित तीन सदस्यीय समिति की अध्यक्षता दिल्ली विश्वविद्यालय के साउथ कैंपस की निदेशक प्रो. रजनी अब्बी करेंगी. समिति में एक वरिष्ठ मनोचिकित्सक और शिक्षा मंत्रालय के एक वरिष्ठ अधिकारी को भी सदस्य के रूप में शामिल किया गया है. समिति को घटना से संबंधित सभी महत्वपूर्ण पहलुओं की जांच कर अपनी समीक्षा के आधार पर उचित सुझाव देने की जिम्मेदारी सौंपी गई है.
संस्थान की सुविधाओं और सहायता व्यवस्था की होगी समीक्षा
जांच समिति भारतीय सूचना प्रौद्योगिकी संस्थान, रांची में उपलब्ध बुनियादी सुविधाओं और उनकी कार्यप्रणाली का आकलन करेगी. इसके साथ ही विद्यार्थियों के लिए उपलब्ध संस्थागत सहायता प्रणालियों, परामर्श एवं मार्गदर्शन की व्यवस्था और शिकायतों के निवारण तंत्र की भी समीक्षा की जाएगी. समिति यह पता लगाने का प्रयास करेगी कि इन व्यवस्थाओं में कहीं कोई कमी तो नहीं है. यदि किसी तरह की खामी सामने आती है, तो उसे दूर करने के लिए आवश्यक उपाय सुझाए जाएंगे.
संबंधित पक्षों से बातचीत और दस्तावेजों की जांच
जांच प्रक्रिया के दौरान समिति आवश्यकता के अनुसार संस्थान से जुड़े संबंधित पक्षों से बातचीत करेगी. इसके अलावा, घटना से संबंधित प्रासंगिक अभिलेखों और दस्तावेजों की भी जांच की जाएगी. समिति का उद्देश्य घटना की परिस्थितियों को समझना और संस्थान की व्यवस्थाओं में सुधार के लिए ठोस सुझाव देना है.
विद्यार्थियों के कल्याण पर मंत्रालय का जोर
शिक्षा मंत्रालय ने कहा है कि विद्यार्थियों के हितों और कल्याण को ध्यान में रखते हुए संस्थान का सुचारु एवं प्रभावी संचालन सुनिश्चित करने के लिए उचित अंतरिम प्रशासनिक व्यवस्थाएं की जा रही हैं. भारतीय सूचना प्रौद्योगिकी संस्थान, रांची की स्थापना सार्वजनिक-निजी भागीदारी (PPP) मॉडल के तहत की गई है. अब जांच समिति की समीक्षा और सुझावों के आधार पर संस्थान में विद्यार्थियों की सहायता व्यवस्था तथा शिकायत निवारण प्रणाली को और बेहतर बनाने के लिए कदम उठाए जा सकते हैं.


