Patna: पटना में NEET की तैयारी कर रही छात्रा की संदिग्ध मौत के मामले में शुक्रवार को बड़ा घटनाक्रम सामने आया. छात्रा के परिजनों की बिहार के डीजीपी से मुलाकात हुई, लेकिन इस बैठक के बाद परिवार का गुस्सा और निराशा साफ नजर आई. डीजीपी आवास से बाहर निकलते समय छात्रा की मां ने पुलिस और प्रशासन पर गंभीर आरोप लगाए और कहा कि उन्हें कहीं से न्याय मिलता नहीं दिख रहा है. परिजनों का कहना है कि वे इंसाफ की उम्मीद लेकर आए थे, लेकिन उन्हें केवल आश्वासन ही मिला. इस बीच, मामले को लेकर छात्राओं का विरोध प्रदर्शन भी तेज हो गया है और पटना की सड़कों पर न्याय की मांग गूंज रही है.
मां का आरोप— ‘सब बिके हुए हैं, हमारी सुनवाई नहीं हो रही’
डीजीपी से मुलाकात के बाद छात्रा की मां बेहद आक्रोशित दिखीं. उन्होंने आरोप लगाया कि उनकी बेटी को कोई न्याय नहीं दिला पा रहा है. मां ने कहा कि पुलिस के बड़े अधिकारी तक “बिके हुए” हैं और पैसे के बिना उनकी बात नहीं सुनी जा रही. उन्होंने यह भी कहा कि उन्हें डिप्टी सीएम से मिलने का न्योता मिला है, लेकिन केवल बैठकों से कुछ नहीं बदलेगा. परिवार का साफ कहना है कि उन्हें पद या आश्वासन नहीं, सिर्फ न्याय चाहिए.
सड़क पर उतरी छात्राएं
इस मामले को लेकर पटना विश्वविद्यालय की छात्राओं ने भी विरोध प्रदर्शन तेज कर दिया है. मगध महिला कॉलेज से कारगिल चौक तक ‘बेटी बचाओ, न्याय दो’ मार्च निकाला गया. उधर, पुलिस का कहना है कि SIT जांच में तेजी लाई गई है. छात्रा के मोबाइल फोन का डेटा रिकवर कर लिया गया है और सोशल मीडिया से भी अहम जानकारियां जुटाई जा रही हैं. जांच एजेंसियों की नजर फिलहाल तीन संदिग्धों पर है और DNA रिपोर्ट का इंतजार किया जा रहा है.

