Sahebganj: दिनदहाड़े 15 लाख की चोरी, CCTV में दिखा संदिग्ध, FSL ने जुटाए फिंगरप्रिंट
साहिबगंज के जिरवाबाड़ी थाना क्षेत्र में दिनदहाड़े करीब 15 लाख रुपये के सोने-चांदी के जेवरात और 13 हजार रुपये नकद चोरी से हड़कंप मच गया. चोर पीछे के रास्ते से घर में दाखिल हुए थे. पुलिस ने घटनास्थल से फिंगरप्रिंट समेत कई साक्ष्य जुटाए हैं.

Sahebganj: जिरवाबाड़ी थाना क्षेत्र के इकरा कॉलोनी स्थित मजहर टोला में दिनदहाड़े करीब 15 लाख रुपये के सोने-चांदी के जेवरात और 13 हजार रुपये नकद चोरी होने के बाद इलाके में हड़कंप मच गया है. घटना की सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची और जांच शुरू कर दी. मामले की गंभीरता को देखते हुए एफएसएल टीम को बुलाकर घटनास्थल की वैज्ञानिक तरीके से जांच कराई गई. टीम ने घर के अलग-अलग हिस्सों से फिंगरप्रिंट समेत अन्य महत्वपूर्ण साक्ष्य जुटाए हैं. वहीं, पुलिस सीसीटीवी फुटेज, संदिग्धों से पूछताछ और मोबाइल डंप रिपोर्ट के जरिए वारदात की कड़ियां जोड़ने में जुटी है.
पीछे के रास्ते से घर में दाखिल हुए चोर
जानकारी के अनुसार अजहर अहसन के घर को चोरों ने निशाना बनाया. बताया जा रहा है कि चोर पीछे के रास्ते से घर में दाखिल हुए और दरवाजा तोड़कर चोरी की वारदात को अंजाम दिया. घटना करीब सुबह 11:30 बजे के आसपास की बताई जा रही है. जिस हिस्से में चोरी हुई, वहां दिन के समय सामान्य तौर पर परिवार के सदस्य मौजूद नहीं रहते थे. परिवार के लोग रात में दूसरी मंजिल पर सोते हैं, जबकि दिन में अधिकांश सदस्य नीचे रहते हैं. घटना के समय घर का दरवाजा खुला होने की बात भी सामने आई है. यही वजह है कि पुलिस अब इस पहलू की भी जांच कर रही है कि चोरों ने घर को महज संयोग से निशाना बनाया या उन्हें परिवार की गतिविधियों की पहले से जानकारी थी.
सीसीटीवी में दिखा संदिग्ध, पुलिस कर रही पूछताछ
चोरी की जांच के दौरान पुलिस को इलाके के सीसीटीवी कैमरों की फुटेज में एक संदिग्ध व्यक्ति नजर आया है. पुलिस उसे पूछताछ के लिए थाना लेकर आई है. हालांकि, पुलिस ने अभी उसकी भूमिका को लेकर कोई अंतिम निष्कर्ष नहीं दिया है. जांच पूरी होने के बाद ही यह स्पष्ट हो सकेगा कि संदिग्ध का चोरी की घटना से कोई संबंध है या नहीं. पुलिस यह भी पता लगाने में जुटी है कि वारदात में कितने लोग शामिल थे. क्या चोरों ने घटना से पहले घर और आसपास की गतिविधियों की रेकी की थी, इसकी भी जांच की जा रही है. एक नाबालिग की संभावित भूमिका को लेकर भी पुलिस जानकारी जुटा रही है. पुलिस सभी पहलुओं को ध्यान में रखकर जांच आगे बढ़ा रही है.
मोबाइल डंप रिपोर्ट से खुलेगा वारदात का राज
चोरी की घटना के खुलासे में तकनीकी जांच को अहम माना जा रहा है. पुलिस आसपास के इलाके की मोबाइल डंप रिपोर्ट खंगालने की तैयारी कर रही है. इसके जरिए घटना के समय और उससे पहले इलाके में सक्रिय मोबाइल नंबरों की जानकारी जुटाई जा सकेगी. पुलिस इन नंबरों और अन्य तकनीकी जानकारियों का मिलान सीसीटीवी फुटेज तथा घटनास्थल से मिले साक्ष्यों के साथ कर सकती है. जांच का उद्देश्य यह पता लगाना है कि घटना के दौरान इलाके में कौन-कौन लोग मौजूद थे और क्या किसी संदिग्ध की गतिविधि सामने आती है. मोबाइल डंप रिपोर्ट से मिलने वाली जानकारी पुलिस को वारदात से जुड़ी संभावित कड़ियों तक पहुंचाने में मदद कर सकती है.
एफएसएल टीम ने जुटाए फिंगरप्रिंट समेत अन्य साक्ष्य
घटना की सूचना के बाद पुलिस ने घटनास्थल को जांच के दायरे में लेते हुए एफएसएल टीम को बुलाया. टीम ने घर के अलग-अलग हिस्सों की बारीकी से जांच की और फिंगरप्रिंट समेत अन्य भौतिक साक्ष्य जुटाए. इन साक्ष्यों को पुलिस अपनी आगे की जांच में शामिल कर रही है. दरवाजा तोड़ने और घर के भीतर दाखिल होने के तरीके से लेकर अलमारी और अन्य स्थानों की स्थिति तक की जानकारी जुटाई जा रही है. पुलिस सीसीटीवी फुटेज, फिंगरप्रिंट, संदिग्धों से पूछताछ और तकनीकी साक्ष्यों को एक साथ जोड़कर मामले की तस्वीर साफ करने की कोशिश कर रही है. करीब 15 लाख रुपये के जेवरात की चोरी होने के कारण पुलिस के सामने चोरी का खुलासा और सामान की बरामदगी बड़ी चुनौती है.
चोरी गए जेवरात और नकदी की तलाश में परिवार
घटना के बाद पीड़ित परिवार अपने स्तर पर भी चोरी हुए सामान की जानकारी जुटाने में लगा है. परिवार के अनुसार सोने-चांदी के जेवरात के अलावा करीब 13 हजार रुपये नकद भी चोरी हुए हैं. चोरी की बड़ी वारदात के बाद परिवार में चिंता का माहौल है और सभी को चोरी गए सामान की बरामदगी का इंतजार है. पुलिस की जांच आगे बढ़ने के साथ परिवार को भी उम्मीद है कि जल्द आरोपियों का पता लगाया जाएगा और चोरी का सामान बरामद होगा. पुलिस ने मामले की जांच में तकनीकी और भौतिक साक्ष्यों को शामिल किया है, जिससे वारदात में शामिल लोगों तक पहुंचने की कोशिश की जा रही है.
जल्द उद्भेदन की उम्मीद: थाना प्रभारी
जिरवाबाड़ी थाना प्रभारी शशि सिंह ने बताया कि चोरी की घटना हुई है और पुलिस तकनीकी एवं भौतिक दोनों स्तरों पर जांच कर रही है. एफएसएल टीम ने घटनास्थल से आवश्यक साक्ष्य जुटाए हैं. उन्होंने बताया कि मोबाइल डंप रिपोर्ट समेत अन्य तकनीकी साक्ष्यों को भी जांच में शामिल किया जा रहा है. थाना प्रभारी के अनुसार चोरी गए सामान की बरामदगी और आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए लगातार कार्रवाई की जा रही है. पुलिस सीसीटीवी फुटेज, पूछताछ और घटनास्थल से मिले साक्ष्यों के आधार पर जांच को आगे बढ़ा रही है. पुलिस को उम्मीद है कि जल्द ही पूरे मामले का उद्भेदन कर आरोपियों तक पहुंचा जा सकेगा.

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