ब्रेन मलेरिया बना जानलेवा! पूर्वी सिंहभूम में एक और मासूम की मौत, 101 नए मरीज
पूर्वी सिंहभूम में मलेरिया का प्रकोप लगातार बढ़ रहा है. पटमदा के चार वर्षीय शिव सरदार की ब्रेन मलेरिया से मौत के बाद जिले में इस वर्ष मृतकों की संख्या आठ हो गई है. वहीं 11,090 लोगों की जांच में 101 नए मरीज मिले हैं.

East Singhbhum: पूर्वी सिंहभूम जिले में मलेरिया का प्रकोप लगातार गंभीर होता जा रहा है. पटमदा प्रखंड के खाड़ियासाई गांव के चार वर्षीय शिव सरदार की ब्रेन मलेरिया से मौत होने के बाद जिले में इस साल मलेरिया से मरने वालों की संख्या बढ़कर आठ हो गई है. वहीं स्वास्थ्य विभाग की ताजा जांच रिपोर्ट ने भी चिंता बढ़ा दी है. गुरुवार को 11,090 संदिग्ध लोगों की जांच में 101 नए मलेरिया मरीज मिले हैं, जिनमें बड़ी संख्या गंभीर फाल्सीपेरम मलेरिया के मरीजों की है. बढ़ते संक्रमण को देखते हुए स्वास्थ्य विभाग ने प्रभावित इलाकों में सर्वे, जांच और दवा वितरण अभियान तेज कर दिया है.
ब्रेन मलेरिया से चार वर्षीय बच्चे की मौत
पटमदा प्रखंड के खाड़ियासाई गांव निवासी चार वर्षीय शिव सरदार की ब्रेन मलेरिया से मौत हो गई. परिजनों के अनुसार बच्चे की तबीयत खराब होने पर पहले स्थानीय स्तर पर इलाज कराया गया, लेकिन हालत बिगड़ने पर उसे जमशेदपुर के सदर अस्पताल ले जाया गया. डॉक्टरों के प्रयास के बावजूद इलाज के दौरान बच्चे ने दम तोड़ दिया. इस घटना के बाद जिले में मलेरिया से मरने वालों की संख्या बढ़कर आठ हो गई है. लगातार हो रही मौतों ने स्वास्थ्य विभाग की चिंता बढ़ा दी है और ग्रामीण क्षेत्रों में बीमारी को लेकर डर का माहौल है.
11 हजार से ज्यादा जांच, 101 नए मरीज मिले
स्वास्थ्य विभाग की ओर से गुरुवार को जिलेभर में 11,090 संदिग्ध लोगों की जांच की गई. जांच के दौरान 101 नए मलेरिया मरीजों की पुष्टि हुई. इनमें 67 मरीज फाल्सीपेरम मलेरिया से संक्रमित पाए गए, जिसे मलेरिया का सबसे गंभीर रूप माना जाता है. इसके अलावा 31 मरीज प्लास्मोडियम विवैक्स मलेरिया से संक्रमित मिले. विभाग के आंकड़ों के अनुसार 29 जून से 9 जुलाई के बीच जिले में अब तक कुल 1,603 मलेरिया मरीज सामने आ चुके हैं. तेजी से बढ़ते मामलों ने स्वास्थ्य विभाग की चुनौती और बढ़ा दी है.
पटमदा सबसे ज्यादा प्रभावित, कई मरीज अस्पताल में भर्ती
जांच रिपोर्ट के अनुसार सबसे अधिक 21 नए मरीज पटमदा प्रखंड में मिले हैं. इसके अलावा डुमरिया में 19, घाटशिला में 16, मुसाबनी में 16, धालभूमगढ़ में पांच और चाकुलिया में एक मरीज की पुष्टि हुई है. स्वास्थ्य विभाग के अनुसार सदर अस्पताल खासमहल में 40 मरीज भर्ती हैं, जबकि एमजीएम अस्पताल में 11 मरीजों का इलाज चल रहा है. इनमें छह मरीजों की हालत गंभीर होने के कारण उन्हें आईसीयू में रखा गया है. प्रभावित इलाकों में स्वास्थ्य टीम लगातार सर्वे, जांच और दवा वितरण का अभियान चला रही है.
स्वास्थ्य विभाग ने जारी की एडवाइजरी
लगातार बढ़ते संक्रमण और मौतों को देखते हुए स्वास्थ्य विभाग ने लोगों से विशेष सतर्कता बरतने की अपील की है. सिविल सर्जन डॉ. साहिर पॉल ने कहा कि घरों और आसपास पानी जमा नहीं होने दें, छतों पर रखे पुराने टायर, टूटे बर्तन और कूलरों का पानी नियमित रूप से खाली करें तथा रात में मच्छरदानी का उपयोग करें. उन्होंने लोगों से अपील की कि बुखार आने पर घरेलू इलाज में समय बर्बाद करने के बजाय तुरंत नजदीकी सरकारी अस्पताल में जांच कराएं. विभाग का कहना है कि समय पर जांच और इलाज से मलेरिया के गंभीर मामलों और मौतों को काफी हद तक रोका जा सकता है.

