धनबाद पहुंची NIA की टीम, प्रिंस खान के कथित पाकिस्तान कनेक्शन की जांच तेज
धनबाद में प्रिंस खान से जुड़े आपराधिक नेटवर्क की जांच तेज हो गई है. NIA की टीम ने पुलिस अधिकारियों से जानकारी जुटाई है. कथित पाकिस्तान कनेक्शन और आतंकी संगठनों से संभावित संपर्क भी जांच के दायरे में हैं.

Dhanbad: झारखंड के धनबाद में फरार कुख्यात अपराधी प्रिंस खान से जुड़े आपराधिक नेटवर्क की जांच को लेकर राष्ट्रीय जांच एजेंसी (NIA) की सक्रियता बढ़ गई है. गुरुवार को NIA की एक टीम धनबाद पहुंची और जिले के वरिष्ठ पुलिस अधिकारियों से मुलाकात कर प्रिंस खान से जुड़े मामलों की जानकारी जुटाई. जांच एजेंसी का ध्यान उसके संगठित आपराधिक नेटवर्क के साथ-साथ विदेशों में बताए जा रहे संपर्कों पर भी है. खास तौर पर उसके कथित पाकिस्तान कनेक्शन और आतंकी संगठनों से संभावित संबंधों की जानकारी खंगाली जा रही है. हालांकि, इन आरोपों को लेकर अंतिम निष्कर्ष जांच पूरी होने के बाद ही सामने आएगा. पुलिस की ओर से भी एजेंसी को प्रिंस खान और उससे जुड़े लोगों के संबंध में उपलब्ध जानकारी साझा की जा रही है. ऐसे में आने वाले दिनों में जांच का दायरा और बढ़ने की संभावना है.
धनबाद पहुंची NIA की टीम
NIA की टीम ने धनबाद पहुंचकर वरिष्ठ पुलिस अधिकारियों के साथ बैठक की. इस दौरान प्रिंस खान के खिलाफ दर्ज मामलों, उसके आपराधिक नेटवर्क और उससे जुड़े लोगों के बारे में उपलब्ध जानकारियों पर चर्चा हुई. एजेंसी अलग-अलग मामलों को जोड़कर पूरे नेटवर्क की तस्वीर समझने की कोशिश कर रही है.
विदेशों में संपर्कों की भी पड़ताल
जांच का एक अहम पहलू प्रिंस खान के कथित विदेशी संपर्क हैं. जानकारी के मुताबिक, विदेश में रहने के दौरान उसके पाकिस्तान से जुड़े कुछ लोगों के संपर्क में आने की बात सामने आई है. इसी कड़ी में पाकिस्तानी महिला फोजिया बलोच और उसके जीजा तौकिर बलोच के नाम का भी उल्लेख किया जा रहा है. हालांकि, इन संपर्कों की वास्तविक भूमिका की पुष्टि जांच के बाद ही हो सकेगी.
जैश-ए-मोहम्मद से कनेक्शन के आरोप
प्रिंस खान के खिलाफ जांच में सबसे गंभीर पहलू उसके कथित आतंकी संपर्कों से जुड़ा है. कुछ दावों में तौकिर बलोच के माध्यम से प्रतिबंधित आतंकी संगठन जैश-ए-मोहम्मद से जुड़े लोगों तक पहुंच की बात कही गई है. फिलहाल यह केवल जांच का विषय है और इसकी स्वतंत्र आधिकारिक पुष्टि सामने नहीं आई है. NIA उपलब्ध तथ्यों और सबूतों के आधार पर इन आरोपों की जांच कर रही है.
वासेपुर नेटवर्क भी जांच के दायरे में
NIA की जांच केवल विदेश कनेक्शन तक सीमित नहीं है. वासेपुर में प्रिंस खान से जुड़े बताए जा रहे सहयोगियों, कथित गुर्गों, पुराने संपर्कों और आर्थिक गतिविधियों की भी जानकारी जुटाई जा रही है. झारखंड के दूसरे हिस्सों में उसके खिलाफ दर्ज मामलों को भी जांच से जोड़कर देखा जा रहा है.
ठोस सबूत मिलने पर बढ़ सकती है कार्रवाई
धनबाद के एसएसपी प्रभात कुमार के अनुसार, NIA की टीम जिले में पहुंची है और प्रिंस खान से संबंधित संगठित अपराध की जानकारी एजेंसी के साथ साझा की जा रही है. अब जांच में यह पता लगाने की कोशिश होगी कि उसका नेटवर्क केवल आपराधिक गतिविधियों तक सीमित था या इसके तार किसी विदेशी अथवा आतंकी नेटवर्क से भी जुड़े थे. यदि जांच के दौरान ऐसे संबंधों के ठोस साक्ष्य मिलते हैं, तो आगे कानूनी कार्रवाई का दायरा बढ़ सकता है.

