लोहरदगा: ग्राम सभा ने पेसा कानून के तहत लगाया सूचना बोर्ड, परंपरा और सांस्कृतिक संरक्षण का लिया संकल्प
लोहरदगा के भंडरा प्रखंड स्थित हाटी गांव की ग्राम सभा ने पेसा कानून के तहत गांव की सीमा पर सूचना बोर्ड लगाने का सर्वसम्मत निर्णय लिया. ग्राम सभा ने इसे परंपरा, सांस्कृतिक विरासत और सामुदायिक संसाधनों के संरक्षण की दिशा में महत्वपूर्ण कदम बताया.

रिपोर्टर :- अमित वर्मा
Lohardaga: जिले के भंडरा प्रखंड अंतर्गत उदरूँगी पंचायत के हाटी गांव में ग्राम सभा ने सर्वसम्मति से गांव की सीमा पर सूचना बोर्ड (होर्डिंग) लगाने का निर्णय लिया. ग्राम सभा का कहना है कि यह कदम भारतीय संविधान की पांचवीं अनुसूची और पेसा (PESA) कानून के तहत मिले अधिकारों के अनुरूप उठाया गया है. इस अवसर पर वक्ताओं ने कहा कि गांव की परंपराओं, सांस्कृतिक विरासत और सामुदायिक संसाधनों के संरक्षण के लिए ग्राम सभा का यह निर्णय महत्वपूर्ण है. कार्यक्रम में सामाजिक, धार्मिक और स्थानीय जनप्रतिनिधियों की भी भागीदारी रही.
ग्राम सभा ने पेसा कानून के तहत लिया निर्णय
हाटी गांव की ग्राम सभा ने भारतीय संविधान की पांचवीं अनुसूची तथा पेसा कानून के प्रावधानों का उल्लेख करते हुए गांव की सीमा पर सूचना बोर्ड स्थापित करने का निर्णय लिया. कार्यक्रम में मौजूद भारतीय राजस्व सेवा (IRS) अधिकारी निशा उरांव ने कहा कि पेसा कानून ग्राम सभाओं को अपनी परंपराओं, सांस्कृतिक पहचान और सामुदायिक संसाधनों के संरक्षण का अधिकार देता है. उन्होंने यह भी कहा कि छत्तीसगढ़ उच्च न्यायालय और सर्वोच्च न्यायालय के कुछ निर्णयों में ग्राम सभा के अधिकारों को मान्यता दी गई है. वक्ताओं ने इसे स्थानीय स्वशासन और संवैधानिक अधिकारों के प्रति जागरूकता बढ़ाने वाला कदम बताया.
ग्राम सभा के सदस्यों ने कहा कि सूचना बोर्ड का उद्देश्य गांव की सांस्कृतिक पहचान, पारंपरिक व्यवस्था और सामुदायिक मूल्यों को संरक्षित रखना है. उनका मानना है कि ग्राम सभा के निर्णय स्थानीय स्तर पर सामाजिक सहभागिता और पारंपरिक व्यवस्थाओं को मजबूत करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं. कार्यक्रम के दौरान ग्रामवासियों ने इस निर्णय का स्वागत किया और इसे गांव के हित में उठाया गया सकारात्मक कदम बताया.
सरना-सनातन एकता का दिया संदेश, ग्रामीणों ने निभाई सक्रिय भूमिका
कार्यक्रम के दौरान वक्ताओं ने सरना और सनातन समाज के बीच आपसी सहयोग और सामाजिक एकता पर भी जोर दिया. आयोजन में शामिल लोगों ने कहा कि गांव में सूचना बोर्ड लगाने के कार्य में विभिन्न समाजों के लोगों ने मिलकर योगदान दिया, जिससे सामाजिक सौहार्द और पारस्परिक सहयोग का संदेश गया. स्थानीय स्तर पर यादव और शाहदेव परिवारों सहित कई ग्रामीणों की भागीदारी की सराहना की गई. वक्ताओं ने कहा कि समाज में एकता और भाईचारे की भावना को मजबूत करना समय की आवश्यकता है.
इस अवसर पर ग्राम प्रधान एवं पाहन विद्यासागर पाहन, मंजन उरांव, प्रकाश उरांव, मनीष उरांव, लाल भीम शाहदेव, अनिल यादव, अमित यादव, आकाश यादव सहित बड़ी संख्या में ग्रामीण उपस्थित रहे. वहीं राजी पड़हा प्रार्थना सभा के सदस्य और अन्य सामाजिक कार्यकर्ताओं ने भी कार्यक्रम में हिस्सा लिया. ग्राम सभा ने भविष्य में भी परंपराओं, सांस्कृतिक धरोहर और सामुदायिक हितों की रक्षा के लिए इसी तरह सामूहिक निर्णय लेने का संकल्प दोहराया.



