झारखंड के खनिज अधिकार से लेकर राम मंदिर चंदे तक, कांग्रेस का बड़ा आंदोलन; 7 सितंबर को रांची में महाधरना
MMDR संशोधन और राम मंदिर चंदे में कथित अनियमितता के मुद्दे पर कांग्रेस ने आंदोलन का ऐलान किया है. 7 सितंबर को रांची स्थित लोकभवन के समक्ष महाधरना और प्रदर्शन होगा. धनबाद जिला कांग्रेस अध्यक्ष संतोष सिंह के मुताबिक, आंदोलन में धनबाद से बड़ी संख्या में कांग्रेस कार्यकर्ता शामिल होंगे.

Dhanbad News: झारखंड की राजनीति में खनिज संपदा और राम मंदिर चंदे से जुड़े मुद्दों को लेकर कांग्रेस ने आंदोलन तेज करने का ऐलान किया है. कांग्रेस की ओर से 7 सितंबर को रांची स्थित लोकभवन के समक्ष महाधरना और प्रदर्शन का कार्यक्रम तय किया गया है. धनबाद जिला कांग्रेस ने इस आंदोलन को सफल बनाने के लिए संगठन स्तर पर तैयारियां तेज कर दी हैं. जिलाध्यक्ष संतोष सिंह ने शनिवार को जिला कांग्रेस कार्यालय में आयोजित प्रेसवार्ता के दौरान कार्यकर्ताओं की भागीदारी को लेकर जानकारी दी. उन्होंने कहा कि धनबाद से बड़ी संख्या में पार्टी कार्यकर्ता रांची पहुंचेंगे और पार्टी की ओर से उठाए जा रहे दोनों मुद्दों पर अपनी आवाज बुलंद करेंगे. हालिया तैयारियों को लेकर धनबाद कांग्रेस की समीक्षा बैठक भी हो चुकी है.
7 सितंबर को रांची में कांग्रेस का बड़ा प्रदर्शन
कांग्रेस ने 7 सितंबर को रांची में राज्यस्तरीय महाधरना आयोजित करने का निर्णय लिया है. पार्टी का दावा है कि कार्यक्रम में राज्य के विभिन्न जिलों से कार्यकर्ता और नेता शामिल होंगे. धनबाद से भी बड़ी संख्या में कांग्रेस कार्यकर्ताओं के रांची पहुंचने की तैयारी है. जिला स्तर पर कार्यकर्ताओं को आंदोलन में शामिल होने के लिए संगठित किया जा रहा है. कांग्रेस का यह प्रदर्शन खान एवं खनिज विकास एवं विनियमन संशोधन विधेयक, 2026 और राम मंदिर से जुड़े चंदा अनियमितता के आरोपों को लेकर है.
MMDR संशोधन को लेकर कांग्रेस ने उठाए सवाल
कांग्रेस नेताओं का कहना है कि झारखंड खनिज संसाधनों से समृद्ध राज्य है और यहां के प्राकृतिक संसाधनों पर स्थानीय जनता के हितों को प्राथमिकता मिलनी चाहिए. पार्टी ने MMDR संशोधन विधेयक के प्रावधानों को लेकर अपनी आपत्तियां जाहिर की हैं. कांग्रेस का तर्क है कि खनिज संपदा से जुड़े फैसलों का असर राज्य के आर्थिक हितों, स्थानीय समुदायों और राज्य के अधिकारों पर पड़ सकता है. इसी मुद्दे को लेकर पार्टी आंदोलन के जरिए सरकार के सामने अपना पक्ष रखने की तैयारी में है. इससे पहले भी कांग्रेस ने धनबाद जिला मुख्यालय पर इस मुद्दे को लेकर प्रदर्शन किया था.
राम मंदिर चंदे की जांच की मांग
आंदोलन का दूसरा प्रमुख मुद्दा अयोध्या स्थित राम मंदिर से जुड़े चंदे में कथित अनियमितता का आरोप है. कांग्रेस इस मामले में स्वतंत्र, निष्पक्ष और पारदर्शी जांच की मांग कर रही है. पार्टी नेताओं का कहना है कि यदि चंदे से संबंधित कोई गड़बड़ी हुई है तो उसकी जांच निष्पक्ष एजेंसी के माध्यम से होनी चाहिए, ताकि वास्तविक स्थिति सामने आ सके. यहां यह स्पष्ट करना जरूरी है कि कांग्रेस द्वारा लगाए जा रहे आरोप जांच और राजनीतिक दावों का हिस्सा हैं; किसी व्यक्ति या संस्था की जिम्मेदारी कानूनी रूप से तभी तय होगी जब जांच और न्यायिक प्रक्रिया पूरी हो.
धनबाद से बड़ी भागीदारी की तैयारी
जिलाध्यक्ष संतोष सिंह के मुताबिक रांची में होने वाले कार्यक्रम को लेकर धनबाद कांग्रेस ने अपनी तैयारियां पूरी कर ली हैं. पार्टी पदाधिकारियों और कार्यकर्ताओं के बीच आंदोलन में भागीदारी को लेकर समन्वय किया जा रहा है. हालिया समीक्षा बैठक में भी रांची कूच, कार्यकर्ताओं की संख्या और व्यवस्थाओं को लेकर चर्चा हुई थी. कांग्रेस का लक्ष्य है कि धनबाद से अधिक से अधिक कार्यकर्ता राजधानी पहुंचकर प्रदर्शन में हिस्सा लें.
सड़क से राजभवन तक मुद्दे उठाने का ऐलान
कांग्रेस ने संकेत दिया है कि दोनों मुद्दों को लेकर उसका आंदोलन केवल एक दिन के प्रदर्शन तक सीमित नहीं रहेगा. पार्टी का कहना है कि वह लोकतांत्रिक और शांतिपूर्ण तरीके से अपनी मांगों को सरकार और संबंधित संस्थाओं के सामने रखेगी. धनबाद में जिला स्तर पर प्रदर्शन के बाद अब रांची में राज्यस्तरीय महाधरना की तैयारी है. इसके जरिए कांग्रेस झारखंड के खनिज अधिकार और राम मंदिर चंदे से जुड़े आरोपों को राजनीतिक बहस के केंद्र में लाने की कोशिश कर रही है.


