Ranchi: JSSC-CGL परीक्षा से जुड़े कथित पेपर लीक मामले में सुप्रीम कोर्ट ने बड़ा फैसला सुनाते हुए दायर याचिका को खारिज कर दिया है. यह याचिका झारखंड हाईकोर्ट के उस फैसले के खिलाफ दाखिल की गई थी, जिसमें परीक्षा में सफल अभ्यर्थियों की नियुक्ति प्रक्रिया जारी रखने का निर्देश दिया गया था.
सुप्रीम कोर्ट ने स्पष्ट किया कि जब झारखंड हाईकोर्ट पहले से ही इस पूरे मामले की निगरानी कर रहा है और उसने जांच के लिए एसआईटी (विशेष जांच दल) के गठन का आदेश दे दिया है, तो ऐसे में शीर्ष अदालत में अलग से सुनवाई का कोई औचित्य नहीं बनता. सुप्रीम कोर्ट ने कहा कि हाईकोर्ट ने यह भी साफ किया है कि कथित पेपर लीक की जांच अपनी जगह चलती रहेगी, लेकिन इसका असर सफल अभ्यर्थियों की नियुक्ति प्रक्रिया पर नहीं पड़ेगा.
शीर्ष अदालत ने यह भी कहा कि फिलहाल ऐसा कोई ठोस आधार सामने नहीं आया है, जिससे यह माना जाए कि जांच के चलते नियुक्तियों को रोका जाए. इसलिए यह याचिका सुनवाई योग्य नहीं प्रतीत होती. सुप्रीम कोर्ट ने हाईकोर्ट के फैसले में किसी प्रकार की त्रुटि न पाते हुए विशेष अनुमति याचिका (SLP) को खारिज कर दिया.
सुप्रीम कोर्ट में सफल अभ्यर्थियों की ओर से अधिवक्ता अमृतांश वत्स ने पक्ष रखा. उल्लेखनीय है कि झारखंड सरकार पहले ही JSSC-CGL परीक्षा में सफल अभ्यर्थियों को नियुक्ति पत्र जारी कर चुकी है. इस फैसले के बाद JSSC-CGL परीक्षा में चयनित अभ्यर्थियों की नियुक्ति प्रक्रिया को लेकर स्थिति और स्पष्ट हो गई है.


